Organization Formed During the Freedom Movement in Rajasthan
Subject: Rajasthan History
Sample Practice Questions
Question 1: नेम्नलिखित में से किस स्थान पर ‘राजस्थान सेवा संघ’ की स्थापना हुई थी -
- सिरोही
- वर्धा
- जयपुर
- बिजोलिया
Explanation: राजस्थान सेवा संघ का गठन 1919 में वर्धा मे श्री अर्जुनलाल सेठी, केसरी सिंह बारहठ और विजय सिंह पथिक के संयुक्त प्रयासों से किया गया था। इस संस्था ने राजस्थान में राजनीतिक प्रचार के लिए 22 अक्टूबर 1920 से वर्धा से राजस्थान केसरी नामक समाचार पत्र प्रकाशित किया गया था।
Question 2: शोभालाल गुप्त ने निम्न में से किस स्थान पर “हरिजन सेवाश्रम” की स्थापना की थी -
- हटूंडी
- सागवाड़ा
- हाथल
- बाँसवाड़ा
Explanation: शोभालाल गुप्त ने सागवाड़ा (डूंगरपुर) में हरिजन सेवाश्रम की स्थापना की, जो हरिजनों और भीलों के विकास के लिए था।
Question 3: देश-हितैषिणी सभा का गठन कहां हुआ -
- जोधपुर
- जयपुर
- उदयपुर
- बीकानेर
Explanation: देश हितैषिणी सभा (या देशहितैषिणी सभा) की स्थापना 1877 में उदयपुर (मेवाड़) में महाराणा सज्जनसिंह (अध्यक्ष) के समय हुई।
Question 4: अखिल भारतीय देशी राज्य लोक-परिषद की शाखा के रूप में ‘राजपूताना प्रान्तीय सभा’ का मुख्यालय कहाँ स्थापित किया गया -
- उदयपुर
- अजमेर
- जयपुर
- जोधपुर
Explanation: 1922 में पूना में देशी राज्यों के लिए एक संगठन बनाने का विचार किया गया। 1926 में संगठन बनाने की प्रक्रिया को लेकर एक अस्थाई समिति का गठन किया गया। इस समिति की सिफारिशों पर 17/18 दिसंबर 1927 को बॉम्बे में अखिल भारतीय देशी राज्य लोक परिषद की स्थापना की गई। अखिल भारतीय देशी राज्य लोक परिषद के प्रथम अध्यक्ष दीवान बहादुर रामचंद्र राव थे और विजय पथिक को उपाध्यक्ष बनाया गया।
Question 5: निम्न में से कौन ‘मारवाड़ सेवा संघ’ से संबंधित नहीं था -
- जयनारायण व्यास
- कानमल
- भँवरलाल सर्राफ
- गोपीलाल यादव
Explanation: मारवाड़ सेवा संघ (1920) की स्थापना चांदमल सुराणा ने की थी मारवाड़ सेवा संघ को सन् 1924 में जयनारायण व्यास ने पुनः जीवित किया और एक नई संस्था की स्थापना की जिसे ‘मारवाड़ हितकारणी सभा’ के नाम से जाना गया । मारवाड़ हितकारणी सभा की स्थापना 1929 में हुई। मारवाड़ हितकारिणी सभा द्वारा किसानों की ओर ध्यान आकर्षित करने के उद्देश्य से “पोपाबाई की पोल” और “मारवाड़ की अवस्था” नाम से दो पुस्तकें प्रकाशित की गई थी। 1934 में भंवरलाल सर्राफ के नेतृत्व में जयनारायण व्यास, आनन्द मल सुराणा, भानमल जैन, छगनलाल चौपासनी ने मारवाड़ प्रजामण्डल की स्थापना की।
Question 6: अलवर के पं. हरिनारायण शर्मा ने निम्नांकित में से किस संघ की स्थापना नहीं की थी -
- चरखा संघ
- अस्पृश्यता निवारण संघ
- वाल्मीकि संघ
- आदिवासी संघ
Explanation: हरिनारायण शर्मा स्वतंत्रता संग्राम के अग्रदूत थे। उन्होंने अलवर में अस्पृश्यता निवारण संघ, वाल्मीकि संघ और आदिवासी संघ की स्थापना करके अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति की स्थिति में सुधार करने का प्रयास किया। 8 फरवरी 1921 को राजाओं की एक परिषद का गठन किया गया जो राजाओं की मांगों पर विचार करती थी। अलवर के महाराजा जय सिंह ने इस परिषद का नाम नरेंद्र मंडल रखा। उन्होंने पंडित हरिनारायण शर्मा को अपना सलाहकार भी नियुक्त किया।
Question 7: 20वीं सदी में भरतपुर में जनजागृति का कार्य निम्न में से किस संस्था के माध्यम से किया गया था -
- आचार सुधारिणी सभा
- हिन्दी साहित्य समिति
- सर्वहितकारिणी सभा
- हरिजन सेवा समिति
Explanation: 20वीं सदी में भरतपुर में जनजागृति का कार्य हिन्दी साहित्य समिति के माध्यम से किया गया था। जगन्नाथदास अधिकारी और गंगा प्रसाद शास्त्री ने भरतपुर में स्वतंत्रता आंदोलन की शुरुआत की। उन्होंने 1912 में ‘हिन्दी साहित्य समिति’ की स्थापना की।
Question 8: निम्न में से किस महिला ने ‘राजस्थान सेवा संघ’ का कार्य किया -
- रमादेवी
- किशोरीदेवी
- कालीबाई
- रतन शास्त्री
Explanation: रमादेवी जोशी का जन्म जयपुर के ब्राह्मण परिवार में वैद्य गंगा सहाय के घर हुआ था। उनकी शादी बहुत छोटी उम्र में कर दी गई थी और 10-11 वर्ष की अवस्था में वह विधवा हो गई। विधवा होने पर रमादेवी ने पढ़ना प्रारम्भ किया और पूरी शिक्षा ग्रहण करने के बाद सीकर में अध्यापिका हो गई। अध्यापिका बनने के पश्चात् उनका सम्पर्क लादूराम जोशी से हुआ। लादूराम जोशी गांधी विचारधारा के प्रगतिशील युवक थे और समाज की परवाह किए बगरै सन् 1921 में रमादेवी के साथ विधवा विवाह कर लिया। उसी वक्त उन्होंने खादी पहनना शुरू कर दिया और जोशीजी के साथ राजस्थान सेवा संघ में कार्य करने लगी। वे अजमेर रहने लगे।
Question 9: 14 नवम्बर, 1944 ई. में नारायणी देवी वर्मा ने कौन-सी संस्था की स्थापना की -
- महिला आश्रम संस्था
- जन आश्रम संस्था
- राजस्थान आश्रम संस्था
- वीर आश्रम संस्था
Explanation: नारायणी देवी राजस्थान के नेता स्वर्गीय माणिक्यलाल वर्मा की धर्मपत्नी थी। उनका जन्म मध्यप्रदेश के ग्राम सिंगाली में श्री रामसहाय भटनागर के घर हुआ था। 1944 के नवम्बर महीने में उन्होंने भीलवाड़ा मे महिला आश्रम नाम की एक संस्था स्थापित करके उस क्षेत्र की महिलाओं के सर्वांगीण विकास का कार्य अपने हाथ में लिया। यह संस्था अपने क्षेत्र में महिलाओं के बीच शिक्षा और संस्कारों का प्रचार कर रही हैं।
Question 10: मारवाड़ सेवा संघ के पुनर्जीवन के बाद स्थापित “मारवाड़ हितकारिणी सभा” द्वारा प्रकाशित पुस्तकों का उद्देश्य क्या था -
- ब्रिटिश नीतियों का समर्थन करना
- किसानों की समस्याओं की ओर ध्यान आकर्षित करना
- रियासतों में सैन्य सुधारों को बढ़ावा देना
- राजस्थानी संस्कृति का प्रचार करना
Explanation: मारवाड़ सेवा संघ (1920) की स्थापना चांदमल सुराणा ने की थी मारवाड़ सेवा संघ को सन् 1924 में जयनारायण व्यास ने पुनः जीवित किया और एक नई संस्था की स्थापना की जिसे ‘मारवाड़ हितकारणी सभा’ के नाम से जाना गया । मारवाड़ हितकारणी सभा की स्थापना 1929 में हुई। मारवाड़ हितकारिणी सभा द्वारा किसानों की ओर ध्यान आकर्षित करने के उद्देश्य से “पोपाबाई की पोल” और “मारवाड़ की अवस्था” नाम से दो पुस्तकें प्रकाशित की गई थी।