गुहिल वंश के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:a. गुहिल वंश ने मेवाड़ में शासन किया।b. अबुल फजल इन्हें ईरान के शासक नौशेखाँ से संबंधित करता है।c. कर्नल टॉड इन्हें ब्राह्मण होने का मत प्रतिपादित करते हैं।d. इस वंश का नामकरण इसी वंश के प्रतापी शासक ‘गुहिल’ के नाम से हुआ।-
Subject: Rajasthan History
Topic: Guhil and Sisodia Dynasty of Mewar
Options:
- Option A: a, b और c
- Option B: b, c और d
- Option C: a, b और d
- Option D: b और d
Correct Answer:
Option C: a, b और d
Explanation:
अबुल फजल मेवाड़ के गुहिलों को ईरान के बादशाह नौशेरवां आदिल की सन्तान होना मानते हैं। डी. आर. भण्डारकर मेवाड़ के गुहिलों को ब्राह्मण वंश से मानते हैं। डॉ. गोपीनाथ शर्मा भी यह मानते हैं। मुँहणौत नैणसी इन्हें आदिरूप में ब्राह्मण एवं जानकारी से क्षत्रिय मानते हैं। डॉ. गोरीशंकर हीराचन्द ओझा इन्हें सूर्यवंशी मानते हैं। कर्नल जेम्स टॉड ने राजपूतों को विदेशियों की सन्तान मानने के पक्ष की पुष्टि में फारसी तवारीखों के वर्णन को ठीक माना और जैन ग्रंथों के आधार पर यह धारणा बनायी कि गुजरात में वल्लभी के शासक शिलादित्य के समय विदेशियों ने वल्लभी पर 524 ई. में आक्रमण कर उसे नष्ट कर दिया। उस समय शिलादित्य की रानी पुष्पावती जो गर्भवती थी, अम्बा भवानी (सिरोही) की यात्रा पर गई हुई थी, ही बच पायी। उसी ने एक गुफा में एक बच्चे को जन्म दिया जो आगे चलकर मेवाड़ का स्वामी बना। गुफा में पैदा होने के कारण वह गोह, गुहिल, गुहदर कहलाया। इसी कुह/गोह ने मेवाड़ में गुहिल वंश की नीव रखी।