Development of Science and Technology in Rajasthan
Subject: Rajasthan Polity & Administration
Sample Practice Questions
Question 1: निम्नलिखित में से किस स्थान पर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभागाग, राजस्थान का ई-आधारित (ई-बेस्ड) एस.टी.आर.सी. स्थापित नहीं है ? (1 फरवरी, 2026 तक)
- बाहादुरवास
- बमबोर
- चंदेसारा
- सेपाऊ
Explanation: राजस्थान के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभागाग द्वारा स्थापित विज्ञान और प्रौद्योगिकी संसाधन केंद्रों (STRC) की सूची में सेपाऊ (धौलपुर) में ऐसा ई-आधारित केंद्र स्थापित नहीं है, जबकि बहादुरवास, बमबोर और चंदेसारा जैसे चिह्नित ग्रामीण/अर्ध-शहरी क्षेत्रों में तकनीकी विकास के लिए इन केंद्रों को स्थापित किया गया है।
Question 2: जयपुर पुलिस द्वारा नौकर-कटरायेदार के ऑनलाइन सत्यापन हेतु जारी किये मोबाइल एप का नाम क्या है?
- दृष्टि
- नज़र
- आंख
- चक्षु
Explanation: जयपुर पुलिस ने घरेलू नौकरों और कटरायेदारों के पुलिस वेरिफिकेशन के लिए ‘नजर’ (Nazar Citizen App) लॉन्च किया है। इससे मकान मालिक घर बैठे ही सत्यापन कर सकते हैं।
Question 3: राजस्थान के विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभागाग द्वारा राजस्थान में विज्ञान और प्रौद्योगिकी क्षेत्र में वर्तमान में कार्यरत उत्कृष्ट शिक्षकों/वैज्ञानिकों को दिये जाने वाले “युवा वैज्ञानिक पुरस्कार” के लिये राजस्थान में अवस्थित किसी उच्च शिक्षा संस्थान/आर एंड डी संगठन में शिक्षण/वैज्ञानिक का आवश्यक न्यूनतम अनुभव है :
- 1 वर्ष
- 2 वर्ष
- 4 वर्ष
- 5 वर्ष
Explanation: राजस्थान में उच्च शिक्षा संस्थान/आर एंड डी संगठन में न्यूनतम 2 वर्ष का अनुभव आवश्यक है।
Question 4: राजस्थान में चार शहरों का चयन स्मार्ट सिटी के रूप में विकास हेतु किया गया था।a. जयपुर, कोटा b. उदयपुर, अजमेरc. जैसलमेर, बाड़मेर d. अलवर, बीकानेर
- a और b
- a और c
- b और d
- b और c
Explanation: राजस्थान में कुल 4 शहरों को स्मार्ट सिटी के रूप में विकसित करने के लिए चुना गया। पहले चरण में जयपुर और उदयपुर का चयन हुआ, जबकि तीसरे चरण में कोटा और अजमेर को चुना गया।
Question 5: राजस्थान स्टार्टअप और इनोवेशन नीति किस वर्ष जारी की गई थी?
- 2018
- 2019
- 2020
- 2017
Explanation: राजस्थान स्टार्टअप और इनोवेशन नीति 2019 में जारी की गई थी, जो राज्य में उद्यमिता को बढ़ावा देने, निवेश आकर्षित करने और नौकरियां पैदा करने के लिए डिजाइन की गई है। यह iStart कार्यक्रम का हिस्सा है।
Question 6: हरित प्रौद्योगिकी (ग्रीन-टेक्नोलॉजी) के उपयोग द्वारा शून्य अपशिष्ट प्रतिमान (जीरो वेस्ट मॉडल) का उदाहरण “आंधी” राजस्थान में स्थित है:
- जयपुर में
- जोधपुर में
- अजमेर में
- जैसलमेर में
Explanation: आंधी गांव जयपुर जिले में है और हरित प्रौद्योगिकी से शून्य अपशिष्ट मॉडल बना रहा है।
Question 7: चम्बल नदी के मुख्य स्थान पर राजस्थान का पहला डिजिटल गांव ‘धनोरा’ स्थित है :
- जयपुर में
- भरतपुर में
- अलवर में
- धौलपुर में
Explanation: धौलपुर जिले का धनौरा भारत का पहला स्मार्ट गांव है, जो अपने एडवांस विकास के लिए फेमस है।
Question 8: राजस्थान सरकार के सूचना प्रौद्योगिकी और संचार विभागाग की 'राजकिसान साथी' परियोजना के सम्बन्ध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिये :(i) यह एक सिंगल विंडो ऑनलाइन इंटीग्रेटेड पोर्टल है, जो कृषि एवं सहायक विभागागों के 120 से अधिक ऑनलाइन मॉड्यूल्स पूरी तरह से पेपरलेस और फेसलेस ईकोसिस्टम के माध्यम से उपलब्ध कराता है।(ii) अगस्त 2025 में इसे राष्ट्रीय ई-गवर्नेंस अवॉर्ड 2023-24 (गोल्ड कैटेगरी) से सम्मानित किया गया।ऊपर दिए गए कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं -
- केवल (i)
- केवल (ii)
- (i) और (ii) दोनों
- न तो (i) और न ही (ii)
Explanation: राज किसान साथी पोर्टल पर किसानों से सम्बंधित विभागिन्न सुविधाओं और सेवाओं को ऑनलाइन उपलब्ध करवाया जा रहा है। यह राजस्थान IT एवं संचार विभागाग की एक सिंगल विंडो ऑनलाइन इंटीग्रेटेड पोर्टल है, जो कृषि एवं सहायक विभागागों के 120+ मॉड्यूल्स (जैसे अनुदान, बीज प्रमाणन, DBT) को पेपरलेस और फेसलेस तरीके से उपलब्ध कराता है, जिससे किसानों को “Ease of Doing Farming” मिलती है।
Question 9: बजट घोषणा 2024-25 के संदर्भ में, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभागाग के अंतर्गत राज्य रिमोट सेंसिंग एप्लिकेशन सेंटर (SRSAC) का उपकेंद्र राजस्थान के किस शहर में स्थापित करने का प्रस्ताव था -
- जयपुर
- जोधपुर
- जैसलमेर
- उदयपुर
Explanation: केंद्रीय बजट 2024-25 में विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभागाग के तहत SRSAC (ISRO) का उपकेंद्र जयपुर में स्थापित करने का प्रस्ताव था, राजस्थान में रिमोट सेंसिंग एप्लीकेशन्स को मजबूत करने के लिए।
Question 10: राजस्थान में डाटा सेन्टर्स और सनराइज़ बूस्टर के संदर्भ में RIPS 2024 के अन्तर्गत निम्न में से कौन-सा सही है - (निम्न में से सबसे उपयुक्त विकल्प चुनें)
- कोई भी डाटा सेन्टर प्रोजेक्ट, आकार एवं इकाईयों की संख्या को ध्यान में लिए बगैर, चयन की गयी सम्पत्ति सर्जन प्रोत्साहन पर 25% सनराइज़ बूस्टर के लिए पात्र है।
- 10 MW न्यूनतम क्षमता के डाटा सेन्टरों की केवल प्रथम 3 इकाईयाँ 25% सनराइज़ बूस्टर के लिए पात्र हैं।
- RIPS 2024 के अन्तर्गत सनराइज़ सेक्टर के रूप में डाटा सेन्टर्स की अर्हता नहीं होती।
- RIPS 2024 के अन्तर्गत केवल 50 MW से अधिक क्षमता वाली डाटा सेन्टर इकाईयों को सनराइज़ बूस्टर प्राप्त होता है।
Explanation: जो निजी कंपनियाँ राज्य में 100 करोड़ रुपए से अधिक का निवेश करेंगी, उन्हें अतिरिक्त रूप से 25 प्रतिशत सनराइज इंसेंटिव दिया जाएगा।नीति के अंतर्गत 5 वर्षों तक 5 प्रतिशत ब्याज अनुदान प्रदान किया जाएगा, जिससे डाटा सेंटर्स की स्थापना लागत में कमी आएगी।डाटा सेंटर्स को बैंकिंग, ट्रांसमिशन और व्हीलिंग शुल्क में 100 प्रतिशत छूट दी जाएगी।